Thursday, June 20, 2013

FOLK LORE IN COLOURS


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बनसत्तो माई : साग, जंगल और लोक की एक पुरानी स्मृति

संथाल परगना का लोक केवल संतालों का लोक नहीं है। यहां जितने जंगल हैं , उतनी ही बोलियां हैं। जितनी नदियां हैं , उतनी ही स्मृतियां। संतालों के ...